एशियन गेम्स 2026: कबड्डी में डबल गोल्ड, मैराथन में इतिहास, शनिवार को भारत ने जीते 7 पदक

Vedtimes.com | खेल डेस्क

India in Asian Games: एशियन गेम्स 2026 में शनिवार का दिन भारतीय खिलाड़ियों के नाम रहा। कबड्डी में डबल गोल्ड, मैराथन में ऐतिहासिक सिल्वर और एथलेटिक्स से लेकर शूटिंग तक भारतीय खिलाड़ियों ने पदकों की झड़ी लगा दी।

भारत ने शनिवार को 2 स्वर्ण, 3 रजत और 2 कांस्य सहित कुल 7 पदक अपने नाम किए।

इसके साथ ही भारत के कुल पदकों की संख्या 30 हो गई।

कबड्डी में भारत का डबल धमाका, ईरान को दोहरी मात

शनिवार का सबसे बड़ा आकर्षण कबड्डी रहा।

भारतीय महिला और पुरुष दोनों टीमों ने फाइनल में ईरान को हराकर स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया।

महिला टीम ने रोमांचक मुकाबले में ईरान को 37-34 से हराया।

इसके बाद पुरुष टीम ने भी ईरान को 40-34 से मात देकर तिरंगा लहरा दिया।

दोनों टीमों ने अपने एशियन गेम्स खिताब का सफलतापूर्वक बचाव किया।

मैराथन में 44 साल का इंतजार खत्म

एथलेटिक्स में सवान बारवाल ने ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए पुरुष मैराथन में रजत पदक जीता।

उन्होंने 2 घंटे 11 मिनट 37 सेकंड का समय निकालकर नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया।

पुरुष मैराथन में भारत को 44 साल बाद एशियन गेम्स का पदक मिला।

इससे पहले 1982 के दिल्ली एशियन गेम्स में भारत ने इस स्पर्धा में पदक जीता था।

शॉटपुट और शूटिंग में भी चमका भारत

पुरुष शॉटपुट में ताजिंदरपाल सिंह तूर ने 20.64 मीटर का थ्रो करते हुए रजत पदक हासिल किया।

लगातार तीसरे एशियन गेम्स में पदक जीतकर उन्होंने अपनी उपलब्धियों में एक और अध्याय जोड़ दिया।

वहीं महिलाओं की 50 मीटर राइफल थ्री-पोजिशन टीम स्पर्धा में आशी चौकसे, तिलोत्तमा सेन और विदार्सा विनोद की तिकड़ी ने भारत को रजत पदक दिलाया।

महिलाओं की 400 मीटर दौड़ में प्राची चौधरी ने 53.21 सेकंड के समय के साथ कांस्य पदक अपने नाम किया।

स्क्वॉश में कांस्य, दो और पदकों की उम्मीद

स्क्वॉश के मिश्रित युगल में जोशना चिनप्पा और वेलवन सेंथिलकुमार की जोड़ी ने कांस्य पदक हासिल किया।

उधर, अनाहत सिंह और अभय सिंह ने अपने-अपने सिंगल्स फाइनल में जगह बनाकर भारत के लिए कम से कम दो रजत पदक सुनिश्चित कर दिए।

बैडमिंटन में पीवी सिंधु ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए महिला सिंगल्स के क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया।

पदक तालिका में टॉप-10 में भारत

शनिवार के सात पदकों के साथ भारत के खाते में 4 स्वर्ण, 12 रजत और 14 कांस्य सहित कुल 30 पदक हो गए।

भारत पदक तालिका में 10वें स्थान पर पहुंच गया।