भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने रचा इतिहास, मलेशिया को 5-1 से हराकर लगातार दूसरी बार जीता एशियन गेम्स स्वर्ण

Vedtimes.com | खेल डेस्क

Gold medal for men’s Hockey: भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने एशियन गेम्स 2026 में इतिहास रच दिया है।

शनिवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में भारत ने मलेशिया को 5-1 से हराकर लगातार दूसरी बार स्वर्ण पदक अपने नाम किया।

यह पहली बार है जब भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने एशियन गेम्स में लगातार दो संस्करणों में स्वर्ण पदक जीता है।

भारत ने आक्रामक खेल से की शुरूआत

कप्तान हरमनप्रीत सिंह की अगुवाई में उतरी भारतीय टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक हॉकी खेली।

हालांकि मलेशिया ने पहले क्वार्टर में कड़ी चुनौती पेश की और स्कोर 1-1 रहा, लेकिन इसके बाद भारतीय खिलाड़ियों ने मुकाबले पर पूरी तरह नियंत्रण बना लिया।

भारत की ओर से कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने दो गोल किए।

उनके अलावा जुगराज सिंह, हार्दिक सिंह और शिलानंद लाकड़ा ने 1-1 गोल दागकर भारत की जीत सुनिश्चित की।

मलेशिया की ओर से एकमात्र गोल शेलो सिल्वेरियस ने किया।

दूसरे क्वार्टर में जुगराज सिंह ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर भारत को 2-1 की बढ़त दिलाई।

इसके बाद तीसरे क्वार्टर में हार्दिक सिंह के गोल से भारत ने अपनी बढ़त 3-1 कर ली।

अंतिम क्वार्टर में शिलानंद लाकड़ा और हरमनप्रीत सिंह ने गोल करके स्कोर 5-1 कर दिया।

लगातार दूसरी बार एशियन चैंपियन

इस जीत के साथ भारत ने एशियन गेम्स हॉकी में अपना पांचवां पुरुष स्वर्ण पदक जीता।

इससे पहले भारत 1966, 1998, 2014 और 2022 में पुरुष हॉकी का स्वर्ण जीत चुका था।

2022 के एशियन गेम्स का आयोजन 2023 में हुआ था।

इस जीत का एक और बड़ा महत्व है।

एशियन गेम्स में स्वर्ण जीतने के साथ भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने लॉस एंजिल्स 2028 ओलंपिक के लिए सीधे क्वालिफाई कर लिया है।

भारतीय हॉकी के लिए ऐतिहासिक ‘गोल्डन डबल’

2026 एशियन गेम्स भारतीय हॉकी के लिए बेहद खास रहे।

एक दिन पहले भारतीय महिला हॉकी टीम ने चीन को हराकर स्वर्ण पदक जीता था।

इसके बाद पुरुष टीम ने भी फाइनल में मलेशिया को शिकस्त देकर गोल्ड अपने नाम कर लिया।

इस तरह पहली बार एक ही एशियन गेम्स में भारत की महिला और पुरुष दोनों हॉकी टीमों ने स्वर्ण पदक जीता है।