Durand Cup Final: ईस्ट बंगाल ने डूरंड कप के फाइनल में अपने चिर प्रतिद्वंद्वी मोहन बागान सुपर जायंट को एकतरफा अंदाज में हराकर इतिहास रच दिया।
135वें डूरंड कप के फाइनल में ईस्ट बंगाल ने मोहन बागान को 4-1 से करारी शिकस्त दी और 17वीं बार डूरंड कप का खिताब अपने नाम किया।
इस जीत के साथ ईस्ट बंगाल ने 22 साल का लंबा इंतजार भी खत्म कर दिया।
एडमंड की हैट्रिक ने बदला मैच का रुख
कोलकाता के विवेकानंद युवा भारती क्रीड़ांगन में खेले गए इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में ईस्ट बंगाल ने शुरुआत से ही आक्रामक तेवर दिखाए।
कप्तान मोहामद बसीम राशिद के शानदार पास पर बिपिन सिंह ने 10वें मिनट में गोल कर ईस्ट बंगाल को बढ़त दिलाई।
इसके सिर्फ 2 मिनट बाद एडमंड लालरिंदिका ने शानदार स्ट्राइक के जरिए स्कोर 2-0 कर दिया।
इसके बाद एडमंड ने 22वें मिनट में एक और बेहतरीन गोल दागकर ईस्ट बंगाल को 3-0 की मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया।
मोहन बागान ने वापसी की कोशिश की और मनवीर सिंह ने 33वें मिनट में गोल करके अंतर को 3-1 कर दिया।
हालांकि ईस्ट बंगाल ने दबाव कम नहीं होने दिया।
पहले हाफ के अंतिम मिनटों में एडमंड ने फिर गोल दाग दिया और अपनी हैट्रिक पूरी कर ली।
हाफ टाइम तक ईस्ट बंगाल 4-1 से आगे था।
दूसरे हाफ में ईस्ट बंगाल की मजबूत डिफेंस
दूसरे हाफ में मोहन बागान ने लगातार हमले किए और स्कोरलाइन बदलने की कोशिश की, लेकिन ईस्ट बंगाल की डिफेंस ने शानदार संयम दिखाया।
गोलकीपर प्रभ्सुखन सिंह गिल ने भी महत्वपूर्ण मौकों पर शानदार बचाव करते हुए मोहन बागान को वापसी का मौका नहीं दिया।
ईस्ट बंगाल ने अपनी बढ़त को अंत तक कायम रखा और 4-1 की शानदार जीत के साथ ट्रॉफी अपने नाम कर ली।
22 साल बाद डूरंड कप ट्रॉफी
यह जीत ईस्ट बंगाल के लिए इसलिए भी खास है क्योंकि क्लब ने 22 साल बाद डूरंड कप का खिताब जीता है।
आखिरी बार ईस्ट बंगाल ने 2004 में यह ट्रॉफी अपने नाम की थी।
अब 2026 में एक बार फिर लाल-पीली टीम ने चिर प्रतिद्वंद्वी मोहन बागान को फाइनल में हराकर ट्रॉफी पर कब्जा किया है।
17वें खिताब के साथ ईस्ट बंगाल ने डूरंड कप में मोहन बागान के 17 खिताबों की बराबरी भी कर ली है।
यानी भारतीय फुटबॉल की इस ऐतिहासिक प्रतियोगिता में अब दोनों कोलकाता क्लब संयुक्त रूप से सबसे ज्यादा खिताब जीतने वाली टीमें हैं।
एडमंड बने फाइनल के हीरो
ईस्ट बंगाल की इस ऐतिहासिक जीत के सबसे बड़े नायक रहे एडमंड लालरिंदिका।
उन्होंने फाइनल में शानदार हैट्रिक लगाई और मैच का रुख पूरी तरह ईस्ट बंगाल के पक्ष में कर दिया।
एडमंड को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए गोल्डन बॉल से भी नवाजा गया।
वहीं मोहन बागान के गोलकीपर विशाल कैथ को गोल्डन ग्लव और नॉर्थईस्ट यूनाइटेड के अलाएद्दीन अजारेई को गोल्डन बूट मिला।
लाल-पीली जीत, हरा-मरून को झटका
कोलकाता डर्बी के फाइनल में ईस्ट बंगाल की यह जीत सिर्फ एक ट्रॉफी जीतने तक सीमित नहीं है।
22 साल के इंतजार के बाद खिताब जीतना और वह भी फाइनल में अपने सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी मोहन बागान को 4-1 से हराकर, ईस्ट बंगाल के प्रशंसकों के लिए यह जीत लंबे समय तक यादगार रहेगी।
