Hockey World Cup 2026: हॉकी के दीवानों के लिए शनिवार का दिन बेहद खास है।
FIH हॉकी वर्ल्ड कप 2026 का आगाज आज यानी 15 अगस्त से होने जा रहा है।
खास बात यह है कि पहली बार पुरुष और महिला हॉकी वर्ल्ड कप का आयोजन एक साथ किया जा रहा है।
बेल्जियम और नीदरलैंड संयुक्त रूप से इस वैश्विक प्रतियोगिता की मेजबानी कर रहे हैं।
टूर्नामेंट 15 से 30 अगस्त तक चलेगा।
इस वर्ल्ड कप में पुरुष और महिला वर्ग में दुनिया की 16-16 टीमें हिस्सा ले रही हैं।
भारतीय हॉकी प्रशंसकों की नजर खास तौर पर दोनों भारतीय टीमों के प्रदर्शन पर होगी।
भारत की पुरुष और महिला दोनों टीमें अपने-अपने पूल डी में हैं और शुरुआती मुकाबलों से ही उनके सामने कड़ी चुनौती होगी।
पुरुष टीम की आज वेल्स से भिड़ंत
भारतीय पुरुष हॉकी टीम अपने वर्ल्ड कप अभियान की शुरुआत आज 15 अगस्त को वेल्स के खिलाफ करेगी।
यह मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 4:30 बजे अम्स्टेलवीन के वागेनर हॉकी स्टेडियम में खेला जाएगा।
भारत को पुरुष वर्ग के पूल डी में इंग्लैंड, पाकिस्तान और वेल्स के साथ रखा गया है।
भारतीय टीम का लक्ष्य शुरुआती मुकाबले में जीत के साथ टूर्नामेंट की मजबूत शुरुआत करना होगा।
भारत के पुरुष टीम के पूल मुकाबले
- 15 अगस्त: भारत vs वेल्स
- 17 अगस्त: भारत vs इंग्लैंड
- 19 अगस्त: भारत vs पाकिस्तान
भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाला मुकाबला इस वर्ल्ड कप के सबसे चर्चित मुकाबलों में से एक होगा।
दोनों टीमें 19 अगस्त को आमने-सामने होंगी।
महिला टीम का पहला मुकाबला चीन से
भारतीय महिला हॉकी टीम अपने अभियान की शुरुआत 16 अगस्त को चीन के खिलाफ करेगी।
यह मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 4:30 बजे अम्स्टेलवीन में खेला जाएगा।
महिला वर्ग के पूल डी में भारत के साथ चीन, इंग्लैंड और दक्षिण अफ्रीका की टीमें हैं।
भारतीय टीम अपने ग्रुप चरण में तीन मुकाबले खेलेगी।
महिला टीम का कार्यक्रम
- 16 अगस्त: चीन vs भारत
- 18 अगस्त: भारत vs दक्षिण अफ्रीका
- 20 अगस्त: भारत vs इंग्लैंड
हॉकी इंडिया के मुताबिक भारतीय महिला टीम ने वर्ल्ड कप से पहले जर्मनी में अभ्यास मैचों के जरिए अपनी तैयारियों को अंतिम रूप दिया है।
टीम को अपने अभियान की सकारात्मक शुरुआत की उम्मीद है।
इस बार बदला हुआ है वर्ल्ड कप का फॉर्मेट
2026 हॉकी वर्ल्ड कप में नया प्रतियोगिता प्रारूप भी देखने को मिलेगा।
शुरुआती चरण के मुकाबले आगे की प्रतियोगिता के लिए महत्वपूर्ण होंगे।
यानी टीमों के लिए शुरुआत से ही हर मुकाबले में बेहतर प्रदर्शन करना जरूरी होगा।
भारत की दोनों टीमों के लिए पूल चरण बेहद महत्वपूर्ण है।
पुरुष टीम के सामने इंग्लैंड और पाकिस्तान जैसी मजबूत टीमें हैं, जबकि महिला टीम को चीन, दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड की चुनौती का सामना करना है।
दोनों भारतीय टीमों से बड़ी उम्मीदें
भारतीय हॉकी का इतिहास गौरवशाली रहा है और वर्ल्ड कप जैसे बड़े मंच पर देश की उम्मीदें हमेशा अपनी टीमों से जुड़ी रहती हैं।
पुरुष टीम जहां मजबूत शुरुआत कर नॉकआउट दौर की ओर बढ़ना चाहेगी, वहीं महिला टीम भी हाल के वर्षों में हासिल किए अनुभव को इस मंच पर प्रदर्शन में बदलने की कोशिश करेगी।
सबसे खास बात यह है कि इस बार महिला और पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप एक ही समय पर आयोजित हो रहे हैं।
ऐसे में अगले 16 दिन भारतीय हॉकी प्रशंसकों के लिए बेहद रोमांचक रहने वाले हैं।
भारत की दोनों टीमें अगर अपने-अपने पूल में मजबूत प्रदर्शन करती हैं तो टूर्नामेंट के अगले चरण में देश की उम्मीदें और बढ़ेंगी।
