Blackout Mockdrill: दुनिया भर में कहीं युद्ध और कही उसकी आहटों के बीच भारत में भी नया अपडेट है।
मई के दूसरे और तीसरे सप्ताह में किसी भी दिन सरकार की ओर से सायरन बजाया जायेगा।
सायरन बजते ही सभी को सारी बत्तियां बंद करनी होंगी साथ ही लाइटें बुझा दी जायेंगी ताकि पूरी तरह अंधेरा छा सके।
इसके लिए तारीख और समय जल्द ही तय कर लिया जायेगा।
इसके लिए आम लोगों को घबराने की ज़रूरत नहीं है क्योंकि यह कोई हमला नहीं है। बल्कि एक मॉक ड्रिल है।
सरकार साल में दो बार इस तरह का मॉक ड्रिल का आयोजन करती है ताकि अचानक हवाई हमला हो तो आपात स्थिति में उचित कदम उठाया जा सके।
इस दौरान शहरों को पूरी तरह ब्लैक आउट कर दिया जायेगा।
24 अप्रैल को ये मॉक ड्रिल जम्मू-कश्मीर के उधमपुर में किया जा चुका है।
हालांकि इस दौरान जैसे ही सायरन बजा इलाके की बिजली काट दी गयी। लेकिन आमलोग इसे लेकर जागरूक नहीं दिखे।
लगभग घरों में बैटरी संचालित बत्तियां जलती रही। सड़कों पर गाड़ियां चलती दिखी।
उत्तरप्रदेश में आज शाम मॉक ड्रिल होना है। इस दौरान तय समय पर सायरन बजते ही चयनित इलाकों में ब्लैक आउट किया जाना है।
बिहार के पटना, पूर्णिया, अररिया, किशनगंज, बेगूसराय और कटिहार में इस मॉक ड्रिल का आयोजन किया जायेगा।
मॉक ड्रिल का उद्देश्य क्या है?
इस मॉक ड्रिल के जरिये ब्लैक आउट किया जाता है जिसका मतलब घुप अंधेरा होता है।
लाइटें बंद होने से दुश्मन को किसी का सटीक लोकेशन नहीं मिल पाता है।
इस ड्रिल के जरिये लोगों को यह बताना होता है कि अगर भविष्य में ऐसी आपात स्थिति हो जाये तो उन्हें घबराने की बजाय लोगों और अपने देश की सुरक्षा में योगदान दें।
ब्लैक आउट के दौरान क्या करना है?
घरों के अंदर रहें
सभी लाइटें बंद रखें
माचिस, टॉर्च, मोबाइल का प्रयोग वर्जित
गाड़ी की लाइटें भी बंद रहनी चाहिये
