वेस्टइंडीज बिना जीते भी सेमीफाइनल में पहुंच जायेगी, टीम इंडिया ने कर दी भारी गलती

Team India

T-20 MENS WCC: भारत और जिम्बाब्वे के बीच मुकाबला एकतरफा रहा। टीम इंडिया ने खेल के हर क्षेत्र में जिम्बाब्वे को पीछे छोड़ते हुए मैच पर आखिर तक अपनी पकड़ बनाये रखी।

लेकिन क्या सिर्फ इस जीत के साथ Team India की Semifinals की राह आसान हो गयी है। वैसी क्या गलती हुई कप्तान सूर्यकुमार से जो टीम इंडिया को भारी पड़ सकती है और सेमीफाइनल की राह में रोड़ा बन सकती है।

नेट रन में पिछड़ा भारत

दरअसल Point Table में ग्रुप-1 में दक्षिण अफ्रीका 4 अंकों के साथ सबसे उपर है। नेट रन रेट के मामले में भी अफ्रीकी सबसे बेहतर हैं। दूसरे नंबर पर वेस्टइंडीज है। वेस्टइंडीज का नेट रन रेट +1.791 है, वहीं भारत का रन रेट -0.100 है। अंक तालिका में दोनों टीमों के 2 मैच खेलकर 2-2 अंक हैं।

अब आखिरी मुकाबला बचा है दोनों टीमों के लिए एक दूसरे के खिलाफ। जो भी टीम ये मैच जीतेगी वो सेमीफाइनल में पहुंच जायेगी जबकि दूसरी टीम को घर वापस होना पड़ेगा।

वेस्टइंडीज बिना हराये भी क्वालीफाई कर लेगी

ये राह इतनी आसान नहीं है। वेस्टइंडीज यहां से टीम इंडिया को बिना हराये भी सेमीफाइनल में पहुंच सकती है। इसमें हैरान होने की ज़रूरत नहीं। अगर भारत और वेस्टइंडीज का मुकाबला किसी वजह (बारिश या किसी अन्य कारण) से रद्द हो जाये, तो भारत अपने आप खिताबी रेस से बाहर हो जायेगा।

मैच रद्द होने के बाद दोनों टीमों को 1-1 अंक मिल जायेंगे। भारत और वेस्टइंडीज दोनों टीमों के 3-3 अंक हो जायेंगे। लेकिन नेट रन रेट में वेस्टइंडीज भारत के थोड़ा बेहतर है। ऐसे में रन रेट के आधार पर भारत बाहर हो जायेगा।

ऐसा 2012 के विश्व कप में भी हुआ था, जहां भारत खराब रन रेट के कारण बाहर हो गया था, और पाकिस्तान ने क्वालीफाई कर लिया था।

टीम इंडिया ने की बड़ी गलतियां

अब ज़रा सोचे कि आखिर नेट रन रेट में हम इतना पीछे क्यों रह गये। जिम्बाब्वे के खिलाफ अच्छी बल्लेबाजी के बावजूद रन रेट बेहतर क्यों नहीं हो पाया।

भारत की तरफ से सभी बल्लेबाजों ने अपना बेहतरीन खेल दिखाया। संजू सैमसन, अभिषेक शर्मा, ईशान किशन, सूर्यकुमार यादव, हार्दिक पांड्या और तिलक वर्मा की शानदार बल्लेबाजी ने बहुत बड़ी जीत की नींव रख दी थी।

लेकिन भारतीय गेंदबाजों ने अपेक्षित खेल नहीं दिखाया जिसके लिए वो जाने जाते हैं। साथ ही कप्तान के कुछ गलत फैसले ने जिम्बाब्वे पर बहुत बड़ी जीत दर्ज करने से रोक दिया।

गेंदबाजी में की गलतियां

अर्शदीप सिंह ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 ओवर में 24 रन देकर 3 विकेट झटके। बुमराह और हार्दिक पांड्या ने 3-3 ओवर की गेंदबाजी की जिसमें 7.0 की

औसत से दोनों ने 21 रन दिये। मिस्टीरियस गेंदबाज के रूप में चर्चित वरूण चक्रवर्ती की गेंदों का जादू देखने को नहीं मिला और वे मैदान पर खूब पिटे। कुछ ऐसा ही हाल उपकप्तान अक्षर पटेल का भी रहा। दोनों ने 4 ओवर की गेंदबाजी में 35-35 रन देकर 1-1 विकेट लिये।

सूर्यकुमार का फैसला चौंकाने वाला

अब आते हैं छठे गेंदबाज की ओर। शिवम दुबे से सूर्यकुमार यादव ने गेंदबाजी का निर्णय लिया। पहले ही ओवर में शिवम दुबे की जमकर ठुकाई हुई। इसके बाद भी कप्तान सूर्यकुमार ने उन्हें दूसरा ओवर दिया। उनके दूसरे ओवर में जिम्बाब्वे के बल्लेबाज गेंद को दर्शकों तक पहुंचने का रास्ता दिखाते रहे।

हार्दिक और बुमराह की शानदार गेंदबाजी के बावजूद इस एक्पेरिमेंट की ज़रूरत किसी की समझ से परे है। जबकि दोनों के 1-1 ओवर बाकी थे।

अगर गेंदबाज थोड़े कसावट के साथ गेंदबाजी करते और शिवम दुबे की जगह रेगुलर गेंदबाजों को ही गेंद कराया जाता तो संभव था कि रन रेट (+) होता और समीकरण में थोड़े बदलाव दिख सकते थे।

साथ ही अगर पार्ट टाइम गेंदबाजी का ही इस्तेमाल करना था तो तिलक वर्मा या अभिषेक शर्मा को दोनों स्पिनरों की जगह ट्राई किया जा सकता था।