7 वर्ष की आयु में किया कमाल, समंदर का सीना चीरकर श्रीलंका से भारत पहुंचे रांची के ईशांक

Good News: 7 वर्ष की उम्र लेकिन हौसला बड़ों से भी बढ़कर। हौसला भी ऐसा जो सबके होश उड़ा दे।

रांची के कक्षा 3 में पढ़ने वाले ईशांक सिंह ने कुछ ऐसा कारनामा कर दिखाया है।

ईशांक सिंह श्रीलंका से भारत तक समंदर का सीना चीरकर पहुंचे।

जेवीएम श्यामली के छात्र ईशांक ने इसी के साथ विश्व रिकॉर्ड कायम किया।

ईशांक ने 30 अप्रैल 2026 यानी गुरूवार को यह कारनामा किया।

उन्होंने श्रीलंका के तलाइमन्नार के समुद्री तट से अपना सफर शुरू किया।

उनका यह सफर भारत के धनुषकोडी में पहुंचकर खत्म हुआ।

करीब 30 किलोमीटर की यह दूरी उन्होंने लगातार 9 घंटे 50 मिनट तक तैरकर पूरी की।

ईशांक को मिले कई सम्मान

इस असाधारण उपलब्धि के लिए ईशांक को Universal Records Forum (URF World Records) द्वारा “The Youngest and Fastest Palk Strait Swimmer” का विश्व रिकॉर्ड प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।

इसके मुताबिक वे वैश्विक स्तर पर इस उपलब्धि को हासिल करने वाले सबसे कम आयु के तैराक बन गए हैं।

इसके अतिरिक्त, Open Water Swimming Academy, Theni (Tamil Nadu) द्वारा भी उन्हें “2026 OWSAT World Record” से सम्मानित किया गया।

इसमें ईशांक के 29 किलोमीटर के इस समुद्री मार्ग की दूरी 9 घंटे 50 मिनट में पार करने की पुष्टि की गई है।

यह पूरे राज्य के साथ ही देश के लिए सम्मान की बात है कि कक्षा 3 के छात्र मास्टर ईशांक सिंह ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए विश्व रिकॉर्ड स्थापित किया है।

जेवीएम श्यामली के शिक्षक और छात्र भी इस उपलब्धि पर खुशी महसूस कर रहे हैं।

स्कूल के प्रधानाचार्य बी.एन. झा ने कहा कि इतनी कम आयु में समुद्र जैसी चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों का सामना कर विश्व रिकॉर्ड स्थापित करना असाधारण साहस, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का उदाहरण है। ईशांक ने यह सिद्ध कर दिया है कि समर्पण और सही मार्गदर्शन से कोई भी लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है।

ईशांक ने इस रिकॉर्ड के लिए कठोर प्रशिक्षण, अनुशासन और अदम्य साहस का परिचय दिया।

ईशांक को अमन कुमार जायसवाल एवं बजरंग कुमार के मार्गदर्शन में विशेष प्रशिक्षण प्राप्त हुआ।