India Vs Zimbabwe: टीम इंडिया को अगर विश्व कप में अपनी उम्मीदें ज़िंदा रखनी हैं तो जिम्बाब्वे के खिलाफ मैच को हर हाल में जीतना होगा। लेकिन सिर्फ जीत टीम को सेमीफाइनल में नहीं पहुंचा सकती है।
भारत को बड़ी जीत दर्ज करनी होगी ताकि उसका नेट रन रेट सुधरे। हालांकि दोनों टीमों के अब तक के आंकड़े भारत को इतनी आसान जीत की गवाही नहीं दे रहे हैं।
एक नज़र डालते हैं दोनों टीमों के बीच हुए टी-20 मुकाबले और विश्व कप में उनके प्रदर्शन पर।
विश्व कप में दोनों टीमों का सफर
इंडिया और जिम्बाब्वे दोनों टीमों ने विश्व कप में बेहतर खेल दिखाया है। टीम इंडिया तो ग्रुप स्टेज के अपने सारे मैचों में धमाकेदार जीत दर्ज कर सुपर-8 में पहुंच चुकी है। वहीं जिम्बाब्वे की टीम ने कई उलटफेर करते हुए लीग स्टेज में एक भी मैच नहीं गंवाये।
भारत का सफर
भारत ने अपने शुरूआती मुकाबले में अमेरिका को 29 रनों से हराया।
दूसरे मैच में नामीबिया को 93 रनों से शिकस्त दी।
तीसरे मुकाबले में पाकिस्तान को 61 रनों से रौंदा।
चौथे मुकाबले में नीदरलैंड को 17 रनों से हराया।
सुपर-8 के पहले मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका ने 76 रनों से हराया।
जिम्बाब्वे का सफर
ओमान के खिलाफ 8 विकेट की बड़ी जीत दर्ज की।
ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम को 23 रनों से हराया।
तीसरा मैच आयरलैंड से बारिश के कारण रद्द।
चौथे मुकाबले में धाकड़ श्रीलंका को 6 विकेट से हराया।
सुपर-8 के पहले मुकाबले में वेस्टइंडीज ने 107 रनों से करारी शिकस्त दी।
दोनों टीमों के आंकड़े
T-20 में भारत और जिम्बाब्वे की 13 मैचों में भिड़ंत।
10 मुकाबले में टीम ने दर्ज की है जीत।
3 मुकाबलों में भारत को हरा पायी है जिम्बाब्वे की टीम।
यानी आंकड़ों के हिसाब से भारत का पलड़ा ज़रूर भारी है, लेकिन विपक्षी टीम के मौजूद फॉर्म को देखते हुए ऐसा लग रहा है कि जिम्बाब्वे को हल्के में लेना बड़ी भूल होगी।
