Bihar Rajya Sabha elections result: बिहार में राज्यसभा चुनाव में एनडीए ने सभी पांचों सीट पर जीत दर्ज की है। इसी के साथ महागठबंधन को बड़ा झटका लगा है। सबसे जीत की सबसे बड़ी बात यह रही कि एनडीए प्रत्याशी शिवेश राम को सभी प्रत्याशियों में सबसे ज़्यादा वोट मिले।
एनडीए की तरफ से खड़े सभी पांचों उम्मीदवार, नीतीश कुमार, शिवेश राम, उपेन्द्र कुशवाहा, रामनाथ ठाकुर और नितिन नबीन ने जीत दर्ज की।
वहीं आरजेडी प्रत्याशी एडी सिंह को हार का सामना करना पड़ा है।
इस जीत के बाद जहां एनडीए में शामिल सभी दलों के कार्यालयों में समर्थकों का हुजुम उमड़ पड़ा, वहीं विपक्षी पार्टियों के दफ्तरों में सन्नाटा पसरा रहा।
इस चुनाव में तेजस्वी का सारा दांव उल्टा पड़ गया और कांग्रेस और आरजेडी के चार विधायकों ने मतदान से किनारा कर लिया।
चार विधायकों के अनुपस्थित रहने के कारण महागठबंधन के उम्मीदवार अमरेन्द्र धारी सिंह को जीत के लिए ज़रूरी 41 वोट नहीं मिल पाये। AIMIM के विधायकों का वोट मिलाकर उन्हें सिर्फ 37 मत प्राप्त हुए।
जेडीयू के नवनिर्वाचित राज्यसभा सांसद रामनाथ ठाकुर ने विपक्षी विधायकों की अनुपस्थिति पर कहा कि हमें यह जानकारी नहीं कि वो आये या नहीं आये। अगर नहीं आये तो उसके पीछे कोई कारण रहा होगा। हो सकता है कि उनकी पार्टी के प्रति निष्ठा में कमी हो या शीर्ष नेताओं से नाराजगी हो।
उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने कसा तंज
वहीं बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने महागठबंधन पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि आज आरजेडी-कांग्रेस का असली चरित्र सामने आ गया। पहले उनको जनता ने विधानसभा चुनाव में वोट नहीं दिया और अब उनके विधायकों ने ही अपने प्रत्याशी को वोट देने से इनकार कर दिया।
वहीं जेडीयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने कहा कि एनडीए की जीत से पूरे बिहार में एक बड़ा मैसेज गया है। सीएम नीतीश कुमार ने बिहार को बदला है और आपदा के वक्त भी उन्होंने धैर्य नहीं खोया।
आरजेडी ने धन-बल के इस्तेमाल का किया दावा
इस हार पर आरजेडी नेता शक्ति सिंह यादव ने कहा कि चुनाव में सत्ता और धन का इस्तेमाल किया गया है। राजनीति में जो खरीद-फरोख्त का खेल चल रहा है वह ठीक नहीं है।
