Best PRO award for the fifth consecutive time: भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री में जनसंपर्क के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले पीआरओ राजीव रंजन कुमार उर्फ रंजन सिन्हा (Ranjan Sinha) को एक बार फिर बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। उन्हें सरस सलिल भोजपुरी सिने अवॉर्ड्स में लगातार पांचवीं बार ‘बेस्ट पीआरओ अवॉर्ड’ से सम्मानित किया गया। यह सम्मान पटना के बापू सभागार में आयोजित भव्य समारोह के दौरान दिया गया। इस उपलब्धि के साथ रंजन सिन्हा किसी भी अवॉर्ड शो में लगातार पांच बार यह सम्मान पाने वाले पहले पीआरओ बन गए हैं।
अवार्ड मिलने पर रंजन सिन्हा ने खुशी जाहिर करते हुए कहा, “लगातार पांचवीं बार यह सम्मान मिलना मेरे लिए बेहद गर्व और प्रेरणा की बात है। यह उपलब्धि केवल मेरी नहीं, बल्कि पूरी भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री की है। मैं अपने सभी कलाकारों, निर्माताओं, निर्देशकों, अपनी टीम और परिवार का आभारी हूं, जिनके सहयोग और विश्वास ने मुझे हमेशा बेहतर करने के लिए प्रेरित किया। आगे भी मैं भोजपुरी सिनेमा के प्रचार-प्रसार और उसकी सकारात्मक छवि को देश-दुनिया तक पहुंचाने के लिए पूरी निष्ठा से काम करता रहूंगा।”
रंजन सिन्हा का परिचय
वैशाली जिले के राजा पाकर प्रखंड के बिरना लखन सेन गांव के मूल निवासी रंजन सिन्हा पिछले 21 वर्षों से भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री में जनसंपर्क की भूमिका निभा रहे हैं। इस दौरान उन्होंने इंडस्ट्री के कई बड़े सितारों मनोज तिवारी, रवि किशन, पवन सिंह, खेसारी लाल यादव, दिनेश लाल यादव ‘निरहुआ’, चिंटू पांडेय, रितेश पांडेय, अरविंद अकेला कल्लू, अक्षरा सिंह और आम्रपाली दुबे सहित अनेक कलाकारों की फिल्मों के प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने कई लोकप्रिय म्यूजिक एल्बम्स के प्रचार का भी सफलतापूर्वक संचालन किया है।
रंजन सिन्हा की सबसे बड़ी खासियत यह मानी जाती है कि वे हर फिल्म और कलाकार की ब्रांड वैल्यू को समझते हुए एक सटीक और प्रभावी पीआर रणनीति तैयार करते हैं। इसी वजह से उनकी बनाई प्रचार योजनाएँ फिल्मों को दर्शकों तक सही तरीके से पहुंचाने में मदद करती हैं और कई फिल्में व्यावसायिक रूप से सफल भी होती हैं।
सिनेमा के अलावा भी है अलग पहचान
भोजपुरी सिनेमा के अलावा रंजन सिन्हा ने बिहार सरकार के कला, संस्कृति एवं युवा विभाग के कई प्रमुख आयोजनों में भी अपनी पीआर सेवाएं दी हैं। इनमें प्रकाश पर्व, पटना फिल्म फेस्टिवल, गांधी पैनोरमा, बाबू वीर कुंवर सिंह विजयोत्सव और नेशनल बॉक्सकॉन कॉन्फ्रेंस जैसे बड़े आयोजन शामिल हैं। इसके अलावा वे देश के कई प्रमुख म्यूजिक चैनलों के लिए भी जनसंपर्क का काम कर चुके हैं। रंजन सिन्हा की इस उपलब्धि ने न केवल भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री को गौरवान्वित किया है, बल्कि बिहार की प्रतिभा को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान भी दिलाई है। लगातार पांचवीं बार मिला यह सम्मान उनके अनुभव, मेहनत और इंडस्ट्री के प्रति समर्पण का बड़ा प्रमाण माना जा रहा है।

